रुखसत तो चाँद भी होता है,चंद पल ही सही।खफा अगर हो जाए!तो सगा अंधकार भी नही।दिल लगा लिया है उनसे कुछ चाँदनी की तरह,रुखसत तो होंगे पर खफा कभी नहीं।
रुखसत तो चाँद भी होता है,चंद पल ही सही।
खफा अगर हो जाए!तो सगा अंधकार भी नही।
दिल लगा लिया है उनसे कुछ चाँदनी की तरह,रुखसत तो होंगे पर खफा कभी नहीं।