हिंदी के कक्षा में
सबसे कमज़ोर लड़का
जब कक्षा की
सबसे होनहार लड़की के
प्रेम में पड़ता है
तमाम सहित्य और प्रेम-रस
के कविताएँ पढ़ जाता है
और मयस्सर होती है
प्रेम-पत्र लिख़ने की कला
और वो चुपके से
कक्षा के ब्रेंच पर
नाख़ुन से कुरेद कर
लिखती है दोनो के नाम
और छोड़ जाती है
प्रेम की निशानी।
-अभिषेक पाण्डेय


