उम्मीद's image

ये जो खिड़कियों पर आहट सी है,

लगता है दरवाज़े पर किसी ने दस्तक दी है।

मुश्किलों के साथ उठना बैठना जो है अब हमारा,

तो दरवाज़े पे कौन होगा?

कर्ज़दार?

या अपने लतीफ़े की खोज में आया होगा कोई मसखरा।

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